मुंबई। बॉलीवुड अभिनेत्री सोनाक्षी सिन्हा की बहुप्रतीक्षित फिल्म 'तू है मेरी किरण' सिनेमाघरों में रिलीज होने से ठीक पहले कानूनी पचड़े में फंस गई है। फिल्म के निर्माण से जुड़े सह-निर्माताओं के बीच आपसी वित्तीय समझौतों के उल्लंघन और बकाया भुगतान न किए जाने को लेकर विवाद खड़ा हो गया है, जिसके चलते यह मामला अदालत तक जा पहुंचा था। हालांकि, तमाम कानूनी बहसों और दांव-पेच के बीच बॉम्बे हाई कोर्ट ने कुछ शर्तों के अधीन इस फिल्म को सिनेमाघरों में रिलीज करने की अनुमति प्रदान कर दी है, जिससे निर्माताओं को बड़ी राहत मिली है।
सह-निर्माताओं के गंभीर आरोप और वित्तीय विवाद
इस पूरे कानूनी विवाद की शुरुआत तब हुई जब फिल्म की सह-निर्माता कंपनी 'एंड मूवी प्रोडक्ट्स एलएलपी' ने दूसरी निर्माण कंपनी 'एशेलॉन प्रोडक्शंस' के खिलाफ उच्च न्यायालय में याचिका दायर की। याचिकाकर्ताओं का आरोप है कि समझौते के तहत फिल्म निर्माण में तय राशि का निवेश करने के बावजूद उन्हें उनका पैसा और तयशुदा मुनाफा समय पर नहीं लौटाया गया। इसके अलावा, सह-निर्माता कंपनी को बिना सूचना दिए ही फिल्म की थिएटर और ओटीटी रिलीज की योजनाएं बना ली गईं, जिसके बाद उन्होंने फिल्म की रिलीज पर रोक लगाने और ब्याज सहित अपना निवेश वापस दिलाने की गुहार लगाई थी।
बॉम्बे हाई कोर्ट का फैसला और फिल्म से जुड़ी मुख्य बातें
मामلات की सुनवाई करते हुए बॉम्बे हाई कोर्ट ने फिल्म की रिलीज पर पूरी तरह रोक लगाने से इनकार कर दिया, लेकिन निर्माताओं को कड़ी शर्त के दायरे में रखा है। अदालत ने आदेश दिया है कि निर्माताओं को विवादित राशि अदालत में जमा करानी होगी, तभी फिल्म तय तारीख पर रिलीज हो सकेगी। साथ ही, अदालत ने संबंधित निर्माण कंपनी को पंद्रह प्रतिशत वार्षिक ब्याज के साथ बकाया राशि भुगतान करने का भी निर्देश दिया है। ज्ञात हो कि इस फिल्म में अभिनेत्री सोनाक्षी सिन्हा अपने पति व अभिनेता जहीर इकबाल के साथ स्क्रीन साझा करती नजर आएंगी, जिसका निर्देशन करण रावल ने किया है।





