टीकमगढ़| मध्य प्रदेश के टीकमगढ़ जिले में प्रदेश की प्रभारी मंत्री कृष्णा गौर के आधिकारिक दौरे के दौरान प्रशासनिक और पुलिस व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करने वाली एक अजीबोगरीब घटना सामने आई है। यहाँ दौरे के दौरान प्रभारी मंत्री के वीवीआईपी काफिले के ठीक आगे चल रही आधिकारिक पायलट गाड़ी अचानक बीच रास्ते में तकनीकी खराबी के चलते खराब हो गई। हालात ऐसे बन गए कि मौके पर मौजूद पुलिसकर्मियों को खुद गाड़ी के पीछे लगकर उसे धक्का लगाना पड़ा, ताकि उसे चालू किया जा सके। इस बीच, प्रभारी मंत्री का काफिला बिना पायलट वाहन के ही अपने गंतव्य की ओर आगे बढ़ गया।

क्या है पूरा घटनाक्रम?

प्राप्त जानकारी के अनुसार, यह पूरा मामला उस समय का है जब प्रभारी मंत्री कृष्णा गौर अपने निर्धारित प्रशासनिक कार्यक्रमों में शामिल होने के लिए टीकमगढ़ पहुँची हुई थीं। जब उनका काफिला शहर से गुजर रहा था, तभी उनके ठीक आगे चल रही पुलिस की पायलट गाड़ी में अचानक कोई तकनीकी खराबी आ गई और वाहन बीच सड़क पर ही बंद हो गया। गाड़ी के अचानक बंद हो जाने से सुरक्षा व्यवस्था में अफरातफरी का माहौल बन गया और मौके पर मौजूद पुलिसकर्मी वाहन को स्टार्ट करने के लिए उसे धक्का लगाते हुए नजर आए।

सामने आई घटना की तस्वीर

इस तकनीकी खराबी के कारण कुछ समय के लिए मंत्री के काफिले की यातायात व्यवस्था और सुरक्षा प्रोटोकॉल भी प्रभावित हुआ। स्थिति यह बन गई कि प्रभारी मंत्री का मुख्य वाहन बिना पायलट गाड़ी के ही आगे के लिए रवाना होना पड़ा। इस पूरी घटना की एक तस्वीर भी सोशल मीडिया पर तेजी से सामने आई है, जिसमें साफ तौर पर देखा जा सकता है कि पुलिसकर्मी खराब पड़ी पायलट गाड़ी को धक्का लगा रहे हैं, जबकि मंत्री का काफिला बिना सुरक्षा पायलट के आगे बढ़ चुका है। इस घटना को लेकर स्थानीय स्तर पर पुलिस और प्रशासन की वाहन रखरखाव व्यवस्था पर काफी चर्चाएं हो रही हैं।