भोपाल: मध्य प्रदेश के दतिया उपचुनाव में भारतीय जनता पार्टी को मिली हार के बाद राजनीतिक हलचल तेज हो गई है और पार्टी के भीतर मंथन का दौर शुरू हो चुका है। हार के असली कारणों की गहराई से समीक्षा करने और भीतरघात के मामलों की जांच के लिए पार्टी स्तर पर सख्त कदम उठाए जा रहे हैं, जिसके तहत अब आलाकमान तक सबूत भी पहुंचाए जाने की खबर सामने आ रही है।

मुख्यमंत्री आवास पर हुई अहम उच्चस्तरीय बैठक

दतिया उपचुनाव के परिणामों और पार्टी की हार की समीक्षा के लिए मंगलवार को भोपाल स्थित मुख्यमंत्री आवास पर एक बेहद महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस उच्चस्तरीय बैठक में हार के कारणों की तह तक जाने के लिए दो सदस्यीय विशेष समीक्षा समिति के गठन का निर्णय लिया गया, जिसमें प्रदेश महामंत्री गौरव रणदिवे और अंबाराम कराड़ा को शामिल किया गया है।

सोशल मीडिया पर वायरल हुआ पूर्व प्रत्याशी का बयान

समीक्षा बैठकों के दौर के बीच चुनाव में पार्टी के उम्मीदवार रहे आशुतोष तिवारी का एक भाषण सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। प्रचार के दौरान दिए गए इस भावनात्मक भाषण में वे कार्यकर्ताओं के बीच अपने भविष्य और समर्पण को लेकर बात करते नजर आ रहे हैं, जिसके अब राजनीतिक गलियारों में तरह-तरह के मायने निकाले जा रहे हैं।

पार्टी के भीतरघात के पेश किए गए ठोस सबूत

सूत्रों के अनुसार, हाल ही में हुई बैठक के दौरान भाजपा प्रत्याशी आशुतोष तिवारी ने पार्टी के सामने कई अहम दस्तावेज और ऑडियो सबूत पेश किए हैं। इन ऑडियो रिकॉर्डिंग्स में चुनाव के दौरान पार्टी के खिलाफ काम करने वाले कुछ स्थानीय कार्यकर्ताओं और पार्षदों की संलिप्तता के संकेत मिले हैं, जिन्हें आगे की कार्रवाई के लिए दिल्ली स्थित केंद्रीय नेतृत्व के पास भी भेज दिया गया है।

कार्रवाई को लेकर प्रदेश नेतृत्व की दो टूक

चुनाव परिणाम आने के ठीक बाद भाजपा उम्मीदवार ने खुलकर भीतरघात की बात कही थी, जिसके बाद प्रदेश अध्यक्ष हेमंत खंडेलवाल ने भी स्पष्ट कर दिया था कि पार्टी विरोधी गतिविधियों में शामिल होकर चुनाव को प्रभावित करने वालों को बख्शा नहीं जाएगा और उनके खिलाफ सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई की जाएगी।