जबलपुर| मध्य प्रदेश के जबलपुर जिले से एक बेहद सनसनीखेज मामला सामने आया है, जहाँ एक पति ने महज 70 लाख रुपये के बीमा क्लेम की रकम हड़पने के लिए अपनी ही पत्नी की सड़क हादसे में निर्मम हत्या करवा दी। इस मामले में पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए तीन आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है, जबकि मुख्य साजिशकर्ता पति प्रयास पांडे और उसका साथी मानसिंह अभी भी फरार चल रहे हैं, जिनकी तलाश में पुलिस जुटी हुई है।
LIC एजेंट थी मृतक पत्नी और ऐसे परवान चढ़ा प्रेम प्रसंग
यह पूरा सनसनीखेज मामला पाटन थाना क्षेत्र का है। जानकारी के अनुसार, वर्ष 2022 में प्रयास पांडे और नरसिंहपुर की रहने वाली कविता चौधरी की आपस में मुलाकात हुई थी, जो धीरे-धीरे पहले गहरी दोस्ती और फिर प्रेम संबंध में बदल गई। दोनों अलग-अलग जातियों से ताल्लुक रखते थे, जिसके चलते उनके परिजनों ने इस रिश्ते का कड़ा विरोध किया। परिवार के कड़े विरोध के बावजूद प्रयास और कविता ने आपस में विवाह करने का निर्णय लिया और वर्ष 2024 में दोनों ने एक मंदिर में चुपचाप शादी रचा ली। इसके बाद वे आमा हिनौता गाँव में एक किराए का मकान लेकर साथ रहने लगे थे।
कुछ समय बीतने के बाद जब परिवार और समाज के लोगों को उनकी इस शादी की जानकारी लगी, तो कथित तौर पर प्रयास पर कविता से पीछा छुड़ाने का पारिवारिक दबाव बनने लगा। मृतका कविता एक जीवन बीमा निगम (LIC) में एजेंट के रूप में कार्यरत थी और उसके नाम पर कुल 70 लाख रुपये की बड़ी बीमा पॉलिसी थी। वहीं, आरोपी पति प्रयास क्षेत्र में स्टाम्प वेंडर का काम करता था।
पाँच लाख रुपये में तय की गई थी सुपारी
घटना वाले दिन कविता किसी जरूरी काम से अपनी स्कूटी लेकर घर से बाहर निकली थी और जबलपुर रोड की तरफ जा रही थी। जैसे ही वह कंतोरा गाँव के पास पहुँची, पहले से घात लगाए बैठे आरोपियों ने एक तेज रफ्तार पिकअप वाहन से उसकी स्कूटी को जोरदार टक्कर मार दी, जिससे वह सड़क पर गिर पड़ी। इसके बाद निर्मम आरोपियों ने जानबूझकर वह पिकअप वाहन उसके ऊपर चढ़ा दिया, जिससे गंभीर चोटें आने के कारण कविता की घटनास्थल पर ही दर्दनाक मौत हो गई।
जांच में खुलासा हुआ कि आरोपी पति प्रयास पांडे ने इस जघन्य हत्याकांड को अंजाम देने के लिए बदमाशों को कुल 5 लाख रुपये की सुपारी दी थी। उसने इस साजिश को पूरा करने के लिए रामजी चौधरी, विक्रम चौधरी और धनीराम चौधरी को चुना था। पुलिस के अनुसार, आरोपी पति की मंशा यह थी कि इस सनसनीखेज हत्या को एक सामान्य सड़क दुर्घटना का रूप दे दिया जाए, ताकि किसी को शक न हो। इसके लिए उसने योजनाबद्ध तरीके से घटना से पहले चार बार क्राइम सीन का रिक्रिएशन (पुनरावृत्ति) भी किया था।
पुलिस की जाँच और मुख्य आरोपियों की तलाश जारी
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय पुलिस तत्काल मौके पर पहुँचे, वैज्ञानिक साक्ष्य जुटाए और मर्ग कायम कर मामले की गंभीरता से तफ्तीश शुरू कर दी। शातिर पति प्रयास पांडे भी शातिर अपराधी की तरह मौके पर पहुँच गया था और पुलिस के सामने ऐसे पेश आ रहा था जैसे यह एक महज दुर्घटना हो। हालांकि, जब पुलिस ने तकनीकी और वैज्ञानिक साक्ष्यों के आधार पर गहराई से छानबीन की, तो पति प्रयास और उसके सहयोगी मानसिंह लोधी की संलिप्तता पूरी तरह संदिग्ध पाई गई। पुलिस की टीमें अब दोनों फरार आरोपियों की धरपकड़ के लिए ताबड़तोड़ दबिश दे रही हैं।





