मुंबई। महानगर के अंधेरी इलाके के साकीनाका स्थित एक कबाड़ गोदाम में मंगलवार शाम को भीषण आग लग गई। इस दर्दनाक हादसे में दो लोगों की जलकर मौत हो गई, जबकि चार अन्य लोग गंभीर रूप से झुलस गए। आग इतनी भयंकर थी कि दमकल कर्मियों को इस पर पूरी तरह काबू पाने में छह घंटे से अधिक का समय लग गया। नगर निकाय के अधिकारियों ने बुधवार को इस घटना की पूरी जानकारी दी।

छह घंटे की मशक्कत के बाद आग पर पाया काबू

अधिकारियों के अनुसार, साकीनाका के खैरानी रोड पर स्थित अब्दुल रशीद कंपाउंड में मंगलवार शाम करीब 6:18 बजे आग लगने की सूचना मिली थी। सूचना मिलते ही दमकल की कई गाड़ियां तुरंत मौके पर रवाना हुईं और राहत-बचाव कार्य शुरू किया गया। कड़ी मशक्कत के बाद बुधवार तड़के करीब 12:30 बजे जाकर आग पर पूरी तरह काबू पाया जा सका।

दो लोगों के जले हुए शव बरामद

घटनास्थल पर राहत और बचाव कार्य के दौरान दो लोगों के बुरी तरह जले हुए शव बरामद किए गए हैं। हालांकि, अभी तक दोनों मृतकों की पहचान नहीं हो पाई है। अधिकारियों ने बताया कि ये शव गोदाम के उस हिस्से से मिले हैं जहां एयरोसोल के डिब्बे रखे हुए थे। फिलहाल पुलिस ने दोनों शवों को पोस्टमार्टम के लिए राजावाड़ी अस्पताल भेज दिया है और उनकी शिनाख्त के प्रयास किए जा रहे हैं।

चार लोग झुलसे, अस्पताल में भर्ती

इस भयानक हादसे में चार लोग गंभीर रूप से झुलस गए हैं, जिनमें दो युवक करीब 20 वर्ष के बताए जा रहे हैं। आग की चपेट में आए सभी घायलों को तुरंत राजावाड़ी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उन्हें ट्रॉमा वार्ड में भर्ती कर इलाज किया जा रहा है। अस्पताल के अधिकारियों के मुताबिक, झुलसे हुए लोगों के शरीर का करीब 10 से 80 प्रतिशत हिस्सा जल चुका है और उनका इलाज जारी है।

4,000 वर्ग फुट इलाके में फैली आग

दमकल विभाग से मिली जानकारी के मुताबिक, यह आग करीब 4,000 वर्ग फुट के बड़े क्षेत्र में फैल गई थी। इसकी चपेट में करीब 60 से 70 व्यावसायिक इकाइयां और छोटे आवासीय मकान यानी चॉल आ गए। ये सभी इकाइयां भूतल और आंशिक रूप से एक मंजिल वाली इमारतों में बनी हुई थीं। आग की वजह से बिजली के तारों, उपकरणों, कपड़ों के स्टॉक, प्लास्टिक के दाने, कबाड़, लकड़ी के फर्नीचर, खाली एयरोसोल डिब्बों, एलपीजी सिलेंडरों और कई मशीनों को भारी नुकसान पहुंचा है। इसके अलावा सड़क किनारे खड़े दो दोपहिया वाहन और एक टेंपो भी जलकर खाक हो गए। दमकल विभाग ने अभी तक आग लगने के असली कारणों का खुलासा नहीं किया है और मामले की जांच जारी है।