वॉशिंगटन। फ्रांस में जारी भीषण हिंसा और आगजनी के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने फ्रांसीसी राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों पर तीखा हमला बोला है। ट्रंप ने देश में फैली अशांति का सीधा ठीकरा आव्रजन पर फोड़ते हुए मैक्रों को फ्रांस की सीमाएं तुरंत बंद करने की सलाह दी है। उन्होंने दावा किया कि पेरिस जल्द ही एक मुस्लिम शहर बन जाएगा और मैक्रों को बहुत पहले ही कड़े कदम उठाने चाहिए थे। ट्रंप ने स्पष्ट किया कि फ्रांस के मौजूदा हालात का संबंध सिर्फ इमिग्रेशन से है, न कि शिक्षा या किसी अन्य आंतरिक मुद्दे से।

कर्फ्यू और हजारों गिरफ्तारियां

फ्रांस में सप्ताहांत हुई भारी हिंसा के बाद सुरक्षा व्यवस्था बेहद कड़ी कर दी गई है। देश भर में नगरपालिकाओं, सार्वजनिक इमारतों और लगभग 3,000 व्यावसायिक प्रतिष्ठानों को निशाना बनाया गया है। पुलिस ने कार्रवाई करते हुए अब तक कम से कम 2,400 लोगों को गिरफ्तार किया है। बिगड़ते हालातों को देखते हुए पेरिस समेत कई अन्य शहरों में रात का कर्फ्यू लागू कर दिया गया है, साथ ही रात 8 बजे के बाद लोगों के इकट्ठा होने पर भी पूरी तरह पाबंदी लगा दी गई है।

राजनीतिक संकट और इस्तीफे की पेशकश

इस बीच फ्रांस के प्रधानमंत्री सेबेस्टियन लेकोर्नू ने पुलिस की कार्रवाई का बचाव करते हुए कहा कि इतनी तबाही के बावजूद किसी की जान न जाना किसी चमत्कार से कम नहीं है। हालांकि, इस संकट के चलते राजनीतिक घमासान भी तेज हो गया है। गृह मंत्री लॉरेंट नुनेज ने अपनी नाकामी स्वीकार करते हुए इस्तीफे की पेशकश की थी, जिसे राष्ट्रपति मैक्रों ने ठुकरा दिया है। मैक्रों ने उन्हें खुफिया चूक और सुरक्षा व्यवस्था की कमियों की पूरी पारदर्शिता के साथ समीक्षा करने के निर्देश दिए हैं, जबकि विपक्ष ने सरकार को सुरक्षा में पूरी तरह विफल करार दिया है।